राजस्व वसूली में लापरवाही पर डीएम सख्त, एसडीएम को एक सप्ताह में लक्ष्य पूरा करने के निर्देश
चंदौली। कलेक्ट्रेट सभागार में बुधवार को जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग की अध्यक्षता में कर-करेत्तर, राजस्व वसूली एवं IGRS की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में राजस्व वसूली, अंश संशोधन और नाम संशोधन में खराब प्रदर्शन एवं लापरवाही सामने आने पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। उन्होंने सभी अधिकारियों को टीम भावना के साथ निर्धारित लक्ष्य समय से पूरा करने के निर्देश दिए।
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने समस्त उपजिलाधिकारियों को एक सप्ताह का समय देते हुए राजस्व वसूली के निर्धारित लक्ष्य को पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शासन की मंशा के अनुरूप राजस्व वसूली का शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल करना अनिवार्य है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर जिम्मेदारी तय की जाएगी।
जिलाधिकारी ने व्यापार कर, स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन, आबकारी, खनन और विद्युत विभाग के अधिकारियों को चालू वित्तीय वर्ष के निर्धारित लक्ष्य को समय से पूरा करने के निर्देश दिए। साथ ही उपजिलाधिकारियों और तहसीलदारों को तहसीलों में लंबित राजस्व वादों का त्वरित एवं पारदर्शी तरीके से निस्तारण सुनिश्चित करने को कहा।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक माह विभागवार राजस्व वसूली का लक्ष्य निर्धारित किया जाता है। सभी विभाग आपसी समन्वय और टीम भावना के साथ कार्य करें, जिससे वसूली की गति बढ़ाई जा सके। कलेक्ट्रेट और तहसील स्तर पर नियमित अनुश्रवण करते हुए राजस्व वसूली की प्रगति में सुधार लाने के निर्देश दिए गए, ताकि जिले की रैंकिंग बेहतर बनी रहे।
IGRS की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक अपने कार्यालय में उपस्थित रहकर जनसुनवाई करें और लोगों की शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध तरीके से निस्तारण सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि यदि किसी अधिकारी को किसी कारणवश कार्यालय से अनुपस्थित रहना पड़े तो शिकायतों के निस्तारण के लिए किसी सक्षम अधिकारी को नामित किया जाए।
जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिया कि फोन के माध्यम से प्राप्त शिकायतों पर संबंधित अधिकारी फीडबैक लें और समस्या को समझकर उसके समुचित निस्तारण के लिए आवश्यक कार्रवाई करें। उन्होंने अधिकारियों को जनशिकायतों के प्रति गंभीरता बरतने और प्रभावी अनुश्रवण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में अपर जिलाधिकारी राजेश कुमार (वि.रा.), अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) रतन वर्मा सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं सभी उपजिलाधिकारी मौजूद रहे।